अयोध्या न्यूज डेस्क: उत्तर प्रदेश ने अयोध्या, प्रयागराज और वाराणसी को जोड़कर एक नया धार्मिक पर्यटन सर्किट तैयार किया है। तीनों शहरों को ‘स्पिरिचुअल ट्रायंगल’ के नाम से एक साथ जोड़ा गया है। यह पहल 3.52 लाख महाकुंभ यात्रियों के बीच किए गए सर्वे के आधार पर तैयार की गई है। सर्वे में अयोध्या, प्रयागराज का संगम और वाराणसी लोगों के सबसे पसंदीदा आध्यात्मिक स्थलों में शामिल रहे।
सर्वे के मुताबिक 22.55% लोगों ने अयोध्या को अपनी पसंदीदा आध्यात्मिक जगह बताया। इसके बाद प्रयागराज के संगम को 19.96% और वाराणसी को 12.72% लोगों ने पसंद किया। पिछले साल इन तीनों शहरों में कुल 116.39 करोड़ यात्रियों के पहुंचने का अनुमान है। वहीं, 2026 की पहली तिमाही में ही प्रयागराज में 22.72 करोड़, अयोध्या में 6.40 करोड़ और वाराणसी में 2.25 करोड़ विजिट दर्ज की गईं।
UPSTDC के ‘Visit My State’ अभियान के तहत चार दिन का ‘स्पिरिचुअल ट्रायंगल’ पैकेज भी तैयार किया गया है। यात्रा की शुरुआत वाराणसी से होगी और अंत अयोध्या में होगा। पहले दिन काशी के संकट मोचन मंदिर, दुर्गाकुंड, अस्सी घाट, बोट राइड और गंगा आरती कराई जाएगी। दूसरे दिन काशी विश्वनाथ, सारनाथ और बीएचयू समेत अन्य जगहें दिखाई जाएंगी। तीसरे दिन प्रयागराज में आनंद भवन, संगम और लेटे हनुमान जी मंदिर का दौरा होगा।
यात्रा के आखिरी दिन अयोध्या में हनुमानगढ़ी, कनक भवन, दशरथ महल और राम मंदिर के दर्शन कराए जाएंगे। इसके बाद सरयू आरती भी पैकेज का हिस्सा होगी। चार यात्रियों के लिए सेडान का किराया 14,400 रुपये प्रति व्यक्ति और कम से कम छह यात्रियों के लिए इनोवा क्रिस्टा का किराया 13,000 रुपये प्रति व्यक्ति रखा गया है। अधिकारियों का मानना है कि तीनों शहरों को एक सर्किट से जोड़ने से पर्यटक ज्यादा समय रुकेंगे और होटल, परिवहन, खान-पान और स्थानीय खरीदारी पर भी खर्च बढ़ेगा।