अयोध्या न्यूज डेस्क: अयोध्या में महाकुंभ के श्रद्धालुओं का रुख अब रामनगरी की ओर हो गया है, जिससे रामजन्मभूमि परिसर में भारी भीड़ उमड़ रही है। सोमवार को लाखों श्रद्धालु रामलला के दर्शन के लिए पहुंचे, लेकिन इस भीड़ में कई लोग समस्याओं का सामना कर रहे थे। इसी दौरान 60 वर्षीय महिला और एक वृद्ध पुरुष को लाइन में खड़े-खड़े सांस लेने में कठिनाई होने लगी, और वे अचेत होकर गिर पड़े। दोनों को तुरंत श्री राम अस्पताल भेजा गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
इस दिन अयोध्या में कुंभ जैसा माहौल था, और लगभग 10 लाख से अधिक श्रद्धालु रामलला के दर्शन के लिए पहुंच चुके थे। रामपथ की सड़कों पर जाम की स्थिति थी, और विशेष रूप से प्रयागराज में चल रहे महाकुंभ से लौटकर श्रद्धालु बड़ी संख्या में अयोध्या आ रहे थे। भव्य राम मंदिर के निर्माण के बाद यह पहली बार था जब ऐसा दृश्य देखने को मिला, जहां गलियों और सड़कों पर श्रद्धालुओं की भीड़ फैली हुई थी।
सुबह 4 बजे से ही हनुमानगढ़ी मंदिर में दर्शन शुरू हो गए थे, और 2 किलोमीटर लंबी कतार लगी हुई थी। राम मंदिर में भी भीड़ को देखते हुए दर्शन सुबह 6 बजे से ही शुरू कर दिए गए थे। इसके बाद रामपथ से लेकर जन्मभूमि पथ तक लंबी कतारें लग गईं। प्रशासन की ओर से श्रद्धालुओं के लिए विभिन्न व्यवस्था की गई थी, लेकिन इतनी बड़ी संख्या में लोगों के कारण स्थिति नियंत्रित करना मुश्किल हो गया।
श्री राम अस्पताल के प्रशासनिक अधिकारी वाईपी सिंह के अनुसार, सुबह करीब 11 बजे एक महिला को मृत अवस्था में अस्पताल लाया गया, जिनकी पहचान हरियाणा के सोनीपत निवासी बिमला देवी (60) के रूप में हुई। महिला की मौत हार्ट अटैक के कारण हो सकती है। इसके अलावा एक लावारिस 65 वर्षीय पुरुष का शव भी अस्पताल लाया गया। स्थानीय निवासी राधेश्याम का कहना है कि उन्होंने पहली बार इतनी भारी भीड़ देखी है, और मौनी अमावस्या पर इस संख्या में और वृद्धि की उम्मीद है।