अयोध्या न्यूज डेस्क: रामजन्मभूमि परिसर में राममंदिर सहित 18 मंदिरों का निर्माण हो रहा है। इनमें से छह मंदिरों का काम पूरा हो चुका है, जबकि बाकी मंदिरों का निर्माण कार्य तेजी से चल रहा है। कुछ मंदिरों का 60 से 70 फीसदी काम हो चुका है। सभी मंदिरों का निर्माण जुलाई के अंत तक पूरा होने की संभावना है।
परिसर में सप्तमंडपम में सात, परकोटा में छह, तुलसीदास का मंदिर, शेषावतार मंदिर और राममंदिर के प्रथम तल पर रामदरबार की स्थापना होनी है। तुलसीदास मंदिर और परकोटे में बने भगवान शिव के मंदिर का निर्माण पूरा हो गया है। सूर्य, गणेश, हनुमान, शिव और माता अन्नपूर्णा के अन्य मंदिरों का निर्माण 70% तक हो चुका है। कुबेर टीला स्थित शिव मंदिर का सुंदरीकरण भी पूरा कर लिया गया है।
राममंदिर ट्रस्ट के ट्रस्टी डॉ. अनिल मिश्र ने जानकारी दी कि सभी मंदिरों का निर्माण जुलाई तक पूरा कर लिया जाएगा। जैसे-जैसे मंदिरों का निर्माण कार्य समाप्त होगा, उनमें मूर्तियों की स्थापना की जाएगी। राममंदिर के प्रथम तल पर रामदरबार की स्थापना मार्च में और तुलसीदास मंदिर में मूर्ति फरवरी के अंत तक स्थापित की जाएगी।
मंदिरों के निर्माण के साथ ही रामजन्मभूमि परिसर एक भव्य धार्मिक स्थल के रूप में तैयार हो रहा है। निर्माण कार्य की गति और गुणवत्ता पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। जुलाई तक सभी मंदिर श्रद्धालुओं के दर्शन के लिए खोल दिए जाएंगे।