अयोध्या न्यूज डेस्क: गुजरात के दो धावकों ने भगवान रामलला के दर्शन की इच्छा को पूरा करने के लिए एक अद्भुत यात्रा की शुरुआत की। इन धावकों ने 22 जनवरी 2025 को रामाथन (रामलला मैराथन) की शुरुआत की थी और एक साल बाद उसी दिन अयोध्या पहुंचकर रामलला के दर्शन किए। इनका लक्ष्य 1500 किलोमीटर की दूरी तय कर अयोध्या तक पहुंचना था। वे रोजाना 60 किलोमीटर दौड़ते हुए इस यात्रा पर निकले और अंत में अयोध्या पहुंचकर अपने इरादे को सफल किया।
इस यात्रा के दौरान धावकों के साथ एक सपोर्ट टीम भी थी, जो उन्हें भोजन, विश्राम और अन्य जरूरी सुविधाएं प्रदान कर रही थी। रामलला के प्रति अपनी श्रद्धा को देखते हुए इन्हें इस यात्रा को "रामाथन" नाम दिया गया था। जब ये अयोध्या पहुंचे, तो शहर के स्पोर्ट्स स्टेडियम में उनका भव्य स्वागत हुआ, और उन्होंने रामलला के दर्शन के बाद इस अनूठी यात्रा का अनुभव साझा किया।
एक धावक ने मंदिर में प्रवेश करते हुए कहा कि वहां एक अलग तरह की ऊर्जा महसूस हुई। इस यात्रा को शारीरिक संघर्ष के बजाय एक आध्यात्मिक यात्रा मानते हुए उन्होंने प्रभु श्रीराम की कृपा का आभार व्यक्त किया। अयोध्या में भगवान राम के दर्शन के बाद, दोनों धावकों ने सभी भक्तों के कल्याण के लिए प्रार्थना की और खुद को इस पवित्र स्थान पर आकर धन्य महसूस किया।