अयोध्या न्यूज डेस्क: अमेरिका में फेडरल ब्यूरो ऑफ इन्वेस्टिगेशन (FBI) के नए प्रमुख के रूप में भारतीय मूल के काश पटेल की नियुक्ति हुई है। काश पटेल को अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का करीबी माना जाता है, जिसके चलते उनकी नियुक्ति को लेकर अमेरिकी सीनेट में काफी बहस हुई। अंततः 51-49 मतों से उन्हें मंजूरी मिल गई, हालांकि डेमोक्रेटिक सीनेटरों ने इसका विरोध किया। उन्होंने आशंका जताई कि पटेल, ट्रंप और रिपब्लिकन पार्टी के समर्थक होने के कारण FBI का राजनीतिक हितों के लिए इस्तेमाल कर सकते हैं।
काश पटेल का जन्म 25 फरवरी 1980 को न्यूयॉर्क के गार्डन सिटी में भारतीय गुजराती अप्रवासी माता-पिता के घर हुआ था। उनके माता-पिता पहले अफ्रीका में बसे थे, लेकिन वहां जातीय भेदभाव झेलने के बाद अमेरिका आ गए। पटेल ने गार्डन सिटी हाई स्कूल से पढ़ाई की और फिर यूनिवर्सिटी ऑफ रिचमंड से इतिहास और अपराध न्याय में स्नातक किया। इसके बाद उन्होंने पेेस यूनिवर्सिटी से कानून की डिग्री और लंदन यूनिवर्सिटी कॉलेज से अंतरराष्ट्रीय कानून में डिप्लोमा हासिल किया।
काश पटेल ने अपने करियर की शुरुआत 2006 में मियामी-डेड काउंटी, फ्लोरिडा में पब्लिक डिफेंडर के रूप में की थी। बाद में उन्होंने यूएस डिपार्टमेंट ऑफ जस्टिस में ट्रायल अटॉर्नी के रूप में काम किया और 2017 में हाउस इंटेलिजेंस कमिटी में काउंटरटेररिज्म के सीनियर काउंसल बने। हाल ही में, राम मंदिर की प्राण प्रतिष्ठा पर उन्होंने सोशल मीडिया पर पोस्ट कर अपना समर्थन जताया था, जिससे वे अंतरराष्ट्रीय सुर्खियों में आए थे।