अयोध्या न्यूज डेस्क: उत्तर प्रदेश के अयोध्या जिले में समाजवादी पार्टी के नेता मोईद खान 19 महीने बाद अदालत से रिहा हो गए। रिहाई के बाद मीडिया से बातचीत में उन्होंने न्यायपालिका पर भरोसा जताते हुए कहा कि उन्हें इंसाफ मिल गया है। मोईद खान पर पॉक्सो एक्ट और गैंगस्टर एक्ट के तहत मामला दर्ज था और वे नाबालिग गैंगरेप केस में आरोपी बनाए गए थे। अब अदालत से उन्हें बरी कर दिया गया है।
रिहाई के बाद मोईद खान ने आरोप लगाया कि बीकापुर के विधायक द्वारा मुख्यमंत्री को गलत जानकारी दी गई थी। उन्होंने कहा कि बिना पर्याप्त तथ्यों और जांच के मुख्यमंत्री को गुमराह किया गया, जिसके चलते उनके खिलाफ कार्रवाई हुई।
उन्होंने योगी आदित्यनाथ पर विश्वास जताते हुए कहा कि मुख्यमंत्री संत स्वभाव के व्यक्ति हैं और वे अन्यायपूर्ण कदम नहीं उठा सकते। उनके मुताबिक, एक साजिश के तहत झूठी सूचना देकर कार्रवाई करवाई गई। उन्होंने यह भी दावा किया कि उनकी बिरादरी के कुछ लोगों ने रंजिश में यह साजिश रची।
डेमोलिशन की कार्रवाई पर बोलते हुए मोईद खान ने कहा कि आर्थिक नुकसान जरूर हुआ है, लेकिन यदि मुख्यमंत्री का आशीर्वाद मिला तो बच्चों के रोजगार के लिए उनकी बेकरी फिर से खड़ी की जाएगी। उन्होंने बताया कि जेल में उनके साथ किसी प्रकार की बदसलूकी नहीं हुई। साथ ही उन्होंने कहा कि इस घटनाक्रम में मुख्यमंत्री या स्थानीय विधायक की कोई गलती नहीं है, हालांकि उन्होंने माना कि लड़की के साथ गलत हुआ, लेकिन उनके अनुसार उसे और उसकी मां को कुछ लोगों ने भटकाया था।